Bhopal Cop News: पुलिस कमिश्नर ऑफिस ने छुपाई एक सप्ताह तक जानकारी,कुख्यात बदमाश रहे मुख्तयार मलिक के बेटे-बेटी को बचाने का मामला,जिलाबदर होने के बावजूद नहीं की जा रही थी बेटे के खिलाफ कार्रवाई

भोपाल। राजधानी के जिलाबदर बदमाश को संरक्षण देने का आरोप टीआई कृष्ण गोपाल शुक्ला पर लगा है। उनके खिलाफ पुलिस कमिश्नर संजय कुमार (Bhopal Cop News) ने 50 हजार रुपए का अर्थदंड आर्डर भी पारित किया है। वे कोहेफिजा थाने में तैनात हैं। उनके प्रभार में जब थाना था तब यह कृत्य किया गया था। जिसकी प्रारंभिक जांच डीसीपी जोन-3 आयुष गुप्ता (DCP Ayush Gupta) ने की थी। आरोपों के दायरे में अन्य पुलिस कर्मचारी भी घिरे हैं।
इन मामलों में लगा सरंक्षण देने का आरोप
जानकारी के अनुसार कोहेफिजा (Kohefiza) इलाके में गैंगस्टर रहे मुख्तार मलिक (Gangster Mukhtar Malik) का बेटा यासीन मलिक, जिसे पुलिस प्रशासन ने जिलाबदर कर दिया था। इसके बावजूद अपने घर में मौज काट रहा था। उसे थाना प्रभारी का संरक्षण मिला हुआ था। यह बात तब उजागर हुई जब उसने 20 मई को रिगालिया हाईट्स में बच्चों के विवाद पर मारपीट करके हमला करते हुए तोड़फोड़ की थी। इस मामले को थाना प्रभारी ने दबाकर रखा था। बकरों को लेकर हुए झगड़े में रहनुमा और बॉबी के बीच कहासुनी हुई थी। इसी बीच यासीन मलिक (Yasin Malik) अपने साथियों के साथ हमला करने पहुंचा था। उसने बहन फरहा और अन्य लोगों के साथ मिलकर महिलाओं पर हमला कर दिया। फरीदा, रजिया समेत अन्य महिलाओं के साथ मारपीट हुई थी। पार्किंग में खड़े वाहनों में तोड़फोड़ की गई। मामला तूल पकड़ता तो थाना प्रभारी ने यासीन मलिक के खिलाफ जिलाबदर आदेश तोड़ने की कार्रवाई को अंजाम दिया। उसके बाद यासीन मलिक पर मारपीट का पांच दिन बाद प्रकरण भी दर्ज हुआ। इसी मामले की विभागीय जांच पुलिस कमिश्नर (Police Commissioner Sanjay Kumar) ने बैठाई थी। जिसकी जांच पूरी करने के बाद उन्होंने 25 जून को कृष्ण गोपाल शुक्ला (TI Krishna Gopal Shukla) पर 50 हजार रुपए के अर्थदंड आर्डर जारी किए। हालांकि इन आदेशों को सार्वजनिक अभी तक नहीं किया गया था। आर्डर में हवलदार रामभरत सुमन (HC Rambharat Suman) को भी पांच हजार रुपए का अर्थदंड दिया गया है। इसी प्रकरण के बाद कोहेफिजा थाने के प्रभारी को द्वितीय प्रभार देते हुए उनके स्थान पर लोकेंद्र सिंह ठाकुर (Lokendra Singh Thakur) को थाने का प्रभार सौंपा गया। हालांकि उन्हें भी शाहपुरा (Shahpura) थाने से एक संदिग्ध चोर के भाग जाने के कारण हटाया गया था।
खबर के लिए ऐसे जुड़े

हमारी कोशिश है कि शोध परक खबरों की संख्या बढ़ाई जाए। इसके लिए कई विषयों पर कार्य जारी है। हम आपसे अपील करते हैं कि हमारी मुहिम को आवाज देने के लिए आपका साथ जरुरी है। हमारे www.thecrimeinfo.com के फेसबुक पेज और यू ट्यूब चैनल को सब्सक्राइब करें। आप हमारे व्हाट्स एप्प न्यूज सेक्शन से जुड़ना चाहते हैं या फिर कोई घटना या समाचार की जानकारी देना चाहते हैं तो मोबाइल नंबर 7898656291 पर संपर्क कर सकते हैं।